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पंचकूला स्थित माता मनसा देवी मंदिर

admin · 2023-10-23

भारत देश के हरियाणा राज्य में पंचकूला स्थित माता मनसा देवी, प्रसिद्ध सिद्ध पीठ श्रद्धालुओं के लिए हर इच्छा पूरी करने वाला प्रसिद्ध मंदिर है।  

माता मनसा देवी के मुख्य मदिंर का निर्माण, मनीमाजरा के राजा गोपाल सिंह ने अपनी मनोकामना पूरी होने पर, आज से लगभग दो सौ वर्ष पूर्व सन् 1811-1815 की अवधि में किया था। यह मंदिर हरियाणा राज्य के ज़िला पंचकुला की शिवालिक पर्वत श्रृखला की तलहटी में मणि माजरा के पास समीप विलासपुर गाँव की सीमा पर १०० एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है।  मुख्य मदिंर में माता की मूर्ति स्थापित है। मूर्ति के आगे तीन पिंडियां हैं, जिन्हें मां का रूप ही माना जाता है। ये तीनों पिंडियां महालक्ष्मी, मनसा देवी तथा सरस्वती देवी के नाम से जानी जाती हैं। मंदिर की परिक्रमा पर गणेश, हनुमान, द्वारपाल, वैष्णवी देवी, भैरव की मूर्तियां एवं शिवलिंग स्थापित है। हरियाणा सरकार ने मनसा देवी परिसर को 9 सितम्बर 1991 को माता मनसा देवी पूजा स्थल बोर्ड का गठन करके इसे अपने हाथ में ले लिया था। देखें वीडियो मंदिर खुलने का समय गर्मियों में समय: सुबह 4 बजे से रात 10 बजे तक शीतकालीन समय: सुबह 5 बजे से रात 9 बजे तक आरती का समय सुबह: 5 बजे / 6 बजे शाम: 6 बजे / 7 बजे भोग का समय रोजाना सुबह 11 बजे से 11:15 बजे तक मनसा देवी का मंदिर पहले मां सती के मंदिर के नाम से जाना जाता था। जिसका निर्माण - स्थानीय लोगों ने करवाया था, एक कथा के अनुसार शिवालिक की पहाड़ियों में प्रतिदिन एक गाय आती थी और पहाड़ी की चोटी पर लगे तीन पिंडों पर दूध चढ़ाती थी। तीन पिंड यहाँ शिलाएँ वहाँ प्रकट हुई थी। जिन्हें श्री सती माता के मस्तक के रूप में जाना गया।  सन् 1811 से 1815 के बीच  मनीमाजरा के राजा गोपालदास ने अपनी मनोकामना पूर्ण होने पर मंदिर को भय्व रूप दिया। चंडीगढ़ - शिमला हाईवे में चंडीगढ़ से लगभग 12 किमी की दूरी पर है - माँ मनसा देवी का मंदिर। मंदिर के आस पास कुछ धर्मशाला, गेस्ट हाउस और होटल भी है। पॉपकॉर्न ट्रिप में चंडीगढ़ और शिमला पर भी वीडियो बना चुके है, जिनके वीडियो भी आप देख सकते है।
पार्किंग से कुछ ही सीढ़ियाँ चढ़कर मंदिर पहुँच सकते है। मंदिर मार्ग में  प्रसाद व भेंट सामग्री की दुकाने है।  श्रद्धालु/ दर्शनाथी क़तार में लग कर मंदिर तक पहुँच सकते है। मंदिर जाते हुए दिखता है - श्री मनसा नाथ जी का मंदिर।  सीढ़ियों चढ़कर मुख्य मंदिर का प्रवेश द्वार पार कर पहुचते है - माँ मनसा देवी के मुख्य मंदिर, जहां माँ मनसा देवी की आकर्षक मूर्ति प्रतिष्ठित है।मूर्ति के आगे तीन पिंडियां हैं, जिन्हें मां का रूप ही माना जाता है। ये तीनों पिंडियां महालक्ष्मी, मनसा देवी तथा सरस्वती देवी के नाम से जानी जाती हैं। मंदिर की परिक्रमा पर गणेश, हनुमान, द्वारपाल, वैष्णवी देवी, भैरव की मूर्तियां एवं शिवलिंग स्थापित है। संपूर्ण मंदिर परिसर के फ़र्श पर टाइल्स और पत्थर बिछाया हुआ है। और पैदल मार्ग tin shed से कवर्ड है। जिससे लाइन में खड़े श्रद्धालुओं का अलग अलग मौसम में सीधी धूप, और बारिश से  बचाव हो सके। मंदिर खुलने, बंद होने व भोग आरती का समय स्क्रीन में देख सकते हैं, हो जाड़ो और गर्मियों में अलग अलग रहता है। मुख्य मंदिर से आगे बढ़ने पर यहाँ पूजा, हवन आदि मांगलिक कार्य करवाने के लिए अलग स्थान भी बने हुए हैं, और कुछ और भी मंदिर स्थित हैं जैसे पटियाला मंदिर, माता सती मंदिर, बाबा भैरों नाथ मंदिर  और भंडारा कक्ष।  मुख्य मंदिर से 200 मीटर की दूरी पर पटियाला के तत्कालीन महाराजा करम सिंह द्वारा एक और मंदिर का निर्माण कराया गया जिसे, पटियाला मंदिर कहते है।
पटियाला मंदिर में, शाम के समय अलग अलग रंगों की लाइट्स की व्यवस्था मंदिर भवन को आकर्षित बनाती हैं। मंदिर से पूर्व गार्डन में लगे पेड़ों पर लिपटी हुई लाइट्स की लड़ियाँ। शाम को मंदिर परिसर में लाइट्स की व्यवस्था इस मंदिर की भव्यता में और भी वृद्धि करती हैं। नवरात्रि और पर्वों के समय मंदिर में माँ के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते  है।  यहाँ पूरे साल कभी भी पहुँचा जा सकता है।  मंदिर में एक लक्ष्मी भवन धर्मशाला है जिसमें 22 कमरे और शयनगृह हैं जो तीर्थयात्रियों के लिए नाममात्र शुल्क पर उपलब्ध हैं। कम्बल भी नि:शुल्क उपलब्ध कराये जाते हैं। इसके अलावा बोर्ड के पास लाजवंती गेस्ट हाउस नामक एक और धर्मशाला है जिसमें 7 कमरे हैं, इन कमरों में आधुनिक सुविधाएं हैं जैसे संलग्न शौचालय जहां गीजर प्रदान किए गए हैं और कमरे हवा से ठंडे हैं, प्रत्येक कमरे में गद्दे तकिए के साथ डबल बेड प्रदान किया गया है। चादरें और कंबल, एक मेज, दो कुर्सियाँ।
निकटवर्ती अन्य आकर्षण  शिव मंदिर, सकेतड़ी भगवान शिव को समर्पित यह मंदिर श्री माता मनसा देवी मंदिर, पंचकुला से 5 किमी दूर स्थित है। गुरुद्वारा नाडा साहिब, पंचकुला गुरुद्वारा नाडा साहिब श्री माता मनसा देवी मंदिर, पंचकुला से 8 किमी दूर स्थित है।  श्री काली माता मंदिर, कालका प्राचीन श्री काली माता मंदिर, कालका श्री माता मनसा देवी मंदिर, पंचकुला से 18.7 किमी दूर स्थित है श्री चंडी माता मंदिर, चंडी मंदिर श्री चंडी माता मंदिर, चंडी मंदिर श्री माता मनसा देवी मंदिर, पंचकुला से 3.1 किमी दूर स्थित है। यादविंदर गार्डन, पिंजौर यादविंदर गार्डन, पिंजौर  श्री माता मनसा देवी मंदिर, पंचकुला से 12.3 किमी दूर स्थित है। सुखना झील, चंडीगढ़ सुखना झील चंडीगढ़  श्री माता मनसा देवी मंदिर, पंचकुला से 10.1 किमी दूर स्थित है। 
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